
बिहार के भागलपुर जिले में सोमवार को बाढ़ के पानी में डूबने से छह बच्चों की मौत हो गई। हादसा सुल्तानगंज थाना क्षेत्र के नारायणपुर गांव में हुआ। मृतकों में चार लड़के और दो लड़कियां शामिल हैं।
Six Children Drown While Bathing For Karma-Dharma Festival In Bihar’s Bhagalpur, India
सुर्खी…
- कर्मा-धर्मा पर्व पर अजगैवीनाथ धाम में छह बच्चों की डूबने से मौत।
- नारायणपुर बहियार में स्नान के दौरान गहरे पानी में समाए बच्चे।
- गंगा के बढ़े जलस्तर और बारिश के कारण हुआ यह हादसा।
बिहार के भागलपुर जिले के अजगैवीनाथ धाम प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत नारायणपुर बहियार में मंगलवार की सुबह हुए एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। लोक आस्था के कर्मा-धर्मा पर्व के पावन अवसर पर बहियार स्थित जलमग्न खेत में स्नान करने गए छह बच्चों की गहरे पानी में डूबने से अकाल मौत हो गई। एक साथ छह घरों के चिराग बुझने से बिष्णु टोला सहित आसपास के समूचे ग्रामीण क्षेत्र में चीत्कार मच गया और मातम पसर गया है।
मृतकों की पहचान नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड संख्या 27, बिष्णु टोला निवासी पूरन मंडल की पुत्री पूजा कुमारी (13 वर्ष), राहुल कुमार (14 वर्ष), रंजन कुमार के पुत्र विकास कुमार (13 वर्ष), विनोद मंडल के पुत्र आयुष कुमार (12 वर्ष), वाल्मीकि मंडल की पुत्री मीनाक्षी कुमारी ‘मिनकी’ (12 वर्ष) तथा रंचडीदीपुर निवासी धनंजय मंडल की पुत्री ज्योति कुमारी (14 वर्ष) के रूप में हुई है।
कर्मा-धर्मा के स्नान के दौरान गहरे गड्ढे में समाए बच्चे
स्थानीय ग्रामीणों से मिली जानकारी के अनुसार, कर्मा-धर्मा पर्व को लेकर बच्चे सुबह पूजा की तैयारी और पवित्र स्नान के लिए नारायणपुर बहियार की ओर गए थे। गंगा के बढ़े जलस्तर और हालिया बारिश के चलते बहियार के खेतों में काफी गहरा पानी जमा था।
नहाने के दौरान एक बच्चे का पैर अचानक गहरे पानी में फिसल गया। उसे डूबता देख साथ मौजूद अन्य बच्चों ने बचाने का प्रयास किया, किंतु गहराई और दलदल का सही अंदाजा न होने के कारण सभी छह बच्चे एक-दूसरे का हाथ पकड़े गहरे पानी में समाते चले गए।
चीख-पुकार सुन दौड़े ग्रामीण, सीएचसी में डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
घटना की सूचना जैसे ही गांव में पहुंची, सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण और परिजन बदहवास होकर बहियार की ओर दौड़ पड़े। स्थानीय तैराक युवकों ने तत्परता दिखाते हुए पानी में छलांग लगाई और कड़ी मशक्कत के बाद सभी छह बच्चों को अचेत अवस्था में बाहर निकाला।
ग्रामीण तुरंत सभी को लेकर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पहुंचे, जहां तैनात चिकित्सकों ने गहन जांच के बाद सभी छह बच्चों को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों की घोषणा होते ही अस्पताल परिसर में परिजनों के करुण क्रंदन से माहौल गमगीन हो गया। घटना की सूचना पाकर स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंच गया है और मामले में आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।



