बिहार के अररिया में भाई के कत्ल के चश्मदीद गवाह दैनिक जागरण के पत्रकार विमल यादव को घर में घुसकर गोलियों से भूना
Bihar | Journalist of Dainik Jagran shot dead in his house in Araria, was an eyewitness of brother’s murder
बिहार. अररिया में शुक्रवार(18 अगस्त) की सुबह एक पत्रकार विमल कुमार की गोली मारकर हत्या कर दी गई। हमलावरों ने घर में घुसकर पत्रकार विमल कुमार यादव को गोली मारीं। मामला पत्रकार के भाई की हत्या की गवाही से जुड़ा है।
2019 में पत्रकार के बड़े भाई की भी हत्या कर दी गई थी। इस मामले में अभी ट्रायल चल रहा है। 19 अगस्त को गवाही होनी थी।
बिहार में लॉ एंड ऑर्डर पर उठ सवाल-अररिया में घर में घुसकर पत्रकार की हत्या
अररिया के रानीगंज में हुई इस घटना से इलाके में दहशत का माहौल है। बिहार में लॉ एंड ऑर्डर पर सवाल उठने लगे हैं। बाइक पर पहुंचे हमलावरों ने घर में घुसकर विमल कुमार पर फायरिंग की। उनकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद बदमाश लोगों को धमकाते हुए वहां से भाग निकले। रानीगंज के प्रेम नगर में रहने वाले विमल कुमार दैनिक जागरण के लिए पत्रकारिता करते थे। बताया जाता है कि शुक्रवार सुबह बाइक से पहुंचे हमलावरों ने बहाने से विमल कुमार को घर से बाहर बुलाया। जैसे ही वो बाहर आए, बदमाशों ने उन पर फायर झोंक दिए। विमल के 15 साल का बेटा और 13 साल की बेटी है।
अररिया जर्नलिस्ट हत्याकांड: 2019 में हुई थी जर्नलिस्ट के भाई की हत्या
विमल कुमार के भाई की 2019 में हत्या कर दी गई थी। इस केस में वे अकेले चश्मदीद गवाह थे। पुलिस उनकी हत्या को भी इसी एंगल से देख रही है। हमलावर शुक्रवार तड़के करीब 5 बजे विमल कुमार के घर पहुंचे थे। घटना की जानकारी लगते ही पुलिस मौके पर पहुंची और लाश को पोस्टमार्टम के लिए अररिया सदर अस्पताल भेजा। हमलावरों की तलाश में छापा मारा जा रहा है।
मृतक की पत्नी पूजा देवी ने पुलिस को बताया कि सुबह घर के बाहर कुछ लोग हल्ला कर रहे थे। वे जोर-जोर से दरवाजा भी पीट रहे थे। जब विमल और उन्होंने उठकर देखा, तो हमलावरों ने गोलियां चला दीं। बताया जाता है कि विमल कुमार को अपने भाई की हत्या में गवाही देने से रोका जा रहा था, बावजूद कोर्ट में चल रहे ट्रायल के दौरान उन्होंने गवाही दी थी।




