जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के छात्रू क्षेत्र में शनिवार को बादल फटने की घटना से अफरा-तफरी मच गई। अचानक आए तेज बहाव और मलबे की चपेट में आने से कुछ वाहन बह गए
Cloudburst Triggers Flash Floods In Jammu And Kashmir’s Kishtwar, Shops, Vehicles Damaged, Schools Shut
जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले के छात्रू क्षेत्र में शनिवार को बादल फटने की घटना से अफरा-तफरी मच गई। अचानक आए तेज बहाव और मलबे की चपेट में आने से कुछ वाहन बह गए, जबकि कई जगहों पर संपत्तियों को नुकसान पहुंचने की सूचना है। प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रही हैं और नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
बादल फटने के बाद क्षेत्र में पानी और मलबे का तेज बहाव देखने को मिला, जिससे सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है। हालांकि राहत की बात यह है कि अभी तक किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान या किसी व्यक्ति के घायल होने की सूचना नहीं मिली है।
घटना को देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए छात्रू–किश्तवाड़ राष्ट्रीय राजमार्ग को वाहनों की आवाजाही के लिए बंद कर दिया है। लोगों से अपील की गई है कि वे मौसम की स्थिति को देखते हुए अनावश्यक यात्रा से बचें और प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करें।
मौसम को देखते हुए जिले के सभी स्कूल बंद रखने का आदेश
लगातार खराब मौसम और बादल फटने की घटना को देखते हुए जिला प्रशासन ने किश्तवाड़ जिले के सभी स्कूलों को बंद रखने का आदेश जारी किया है। अधिकारियों ने बताया कि विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
प्रशासन, पुलिस और संबंधित विभागों की टीमें लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं। प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों के लिए तैयारियां जारी हैं। मौसम में सुधार और मार्ग की स्थिति सामान्य होने के बाद ही यातायात बहाल करने पर फैसला लिया जाएगा।
फ्लैश फ्लड से बाजार प्रभावित, कई वाहन बहे
अधिकारियों के अनुसार, शनिवार सुबह करीब 2:30 बजे छात्रू में बादल फटने के बाद अचानक आई बाढ़ से मुख्य बाजार में पत्थर, मिट्टी और कीचड़ भर गया। स्थानीय नाले के किनारे खड़े कम से कम दो वाहन तेज बहाव में बह गए, जबकि कई दुकानों और घरों में पानी घुस गया। भारी बारिश के कारण किश्तवाड़-छात्रू-सिंथन राष्ट्रीय राजमार्ग पर भी यातायात प्रभावित हुआ, हालांकि बाद में बाधा हटाकर हल्के वाहनों की आवाजाही बहाल कर दी गई।
किश्तवाड़, डोडा और रामबन में स्कूल बंद
लगातार बारिश, फिसलन भरी सड़कों और पत्थर गिरने की आशंका को देखते हुए किश्तवाड़ के साथ-साथ डोडा और रामबन जिलों में भी सभी सरकारी और निजी स्कूल बंद रखने के आदेश जारी किए गए हैं। अधिकारियों ने स्कूलों को ऑनलाइन कक्षाएं संचालित करने के निर्देश दिए हैं।
केंद्र ने मजबूत किए पूर्व चेतावनी सिस्टम
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने घटना के बाद किश्तवाड़ उपायुक्त से जानकारी ली और बताया कि प्रभावित दुकानदारों एवं कारोबारियों को सरकारी नियमों के अनुसार मुआवजा दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि पिछले साल चासोटी बादल फटने की घटना के बाद क्षेत्र में आपदा प्रबंधन को मजबूत किया गया है। पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय ने किश्तवाड़ और माचैल में दो आधुनिक अर्ली वार्निंग सिस्टम (ईडब्ल्यूएस) स्थापित किए हैं, ताकि मौसम संबंधी खतरों की पहले जानकारी मिल सके। इसके अलावा पद्दर क्षेत्र में ऑटोमैटिक वेदर स्टेशन (एडब्ल्यूएस) लगाने की प्रक्रिया भी जारी है। प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।




