
चर्चित कथावाचक पवन देव महाराज कानूनी विवाद में घिर गए हैं. बिहार के सीवान जिले की रहने वाली एक महिला की शिकायत पर उनके खिलाफ दुष्कर्म, मारपीट, धमकी और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज
Ayodhya Hindu preacher Pawan Dev Maharaj accused of rape goes missing after FIR
अयोध्या के चर्चित कथावाचक पवन देव महाराज कानूनी विवाद में घिर गए हैं. बिहार के सीवान जिले की रहने वाली एक महिला की शिकायत पर उनके खिलाफ दुष्कर्म, मारपीट, धमकी और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है.
महिला का आरोप है कि कथावाचक ने पहले विवाह का भरोसा दिलाया, फिर मंदिर में शादी की और बाद में उसे अपनाने से इनकार कर दिया. साथ ही उसने यह भी आरोप लगाया है कि उसके लाखों रुपये मूल्य के गहने और अन्य सामान अपने पास रख लिए गए. मामला सामने आने के बाद चर्चा तेज हो गई है. पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और दोनों पक्षों के दावों की पड़ताल की जा रही है.
धार्मिक कार्यक्रम में हुई थी पहचान
महिला के अनुसार उसकी मुलाकात में पश्चिम चंपारण में आयोजित एक धार्मिक कथा कार्यक्रम के दौरान पवन देव महाराज से हुई थी. परिचय के बाद दोनों के बीच लगातार बातचीत होने लगी और संबंध गहरे हो गए. शिकायत में कहा गया है कि कथावाचक उसे और उसके बेटे को अयोध्या लेकर आए. महिला का आरोप है कि बाद में उसके साथ दुष्कर्म किया गया और विरोध करने पर विवाह का आश्वासन दिया गया. महिला का दावा है कि मंदिर में विवाह के बाद वह आरोपी के साथ रहने लगी थी. अपने बयान में उसने कहा ‘मैं आपको अपने घर ले चलता हूं, मैं आपको अपनी पत्नी बना लूंगा, आप यहां नहीं रहेंगी. इसके बाद वह मुझे अपने घर लेकर आया. वहां उसकी माता जी, उसके भाई आनंद मिश्रा और उसके पिता रमाकांत शास्त्री सहित परिवार के सभी लोग मौजूद थे. उसने मेरा रेप किया मेरा बलात्कार किया और उसके बाद फर्जी शादी की.’
महिला का आरोप पैसे देने का आरोप लगाया
महिला का आरोप है कि विवाह के बाद उसने पवन देव महाराज पर पति की तरह भरोसा किया और आर्थिक रूप से भी सहयोग करती रही. उसने अपने बयान में कहा ‘मैं नौकरी करती थी. जब भी उसे पैसों की जरूरत होती थी, वह मुझसे पैसे मांगता था. मुझे लगता था कि अब वह मेरा पति है, इसलिए मैंने उस पर भरोसा किया.’ महिला ने यह भी दावा किया कि बाद में कथावाचक और उनके पिता उसके घर गए और कुछ सामान अपने साथ ले गए. उसके मुताबिक ‘वह और उसके पिता पंडित रमाकांत शास्त्री मेरे घर भी गए. वहां से मेरे कुछ कपड़े और अन्य सामान ले गए. बाद में उन्होंने मुझे धमकी दी कि अगर मैं दोबारा यहां आई तो मुझे जान से मरवा देंगे.’ महिला ने शिकायत में लगभग 10 लाख रुपये के गहने और कीमती सामान अपने पास रखने का भी आरोप लगाया है.
बच्चों को अलग भेजने और दबाव बनाने का आरोप
महिला ने अपने दूसरे बयान में आरोप लगाया कि विवाह के बाद उस पर लगातार दबाव बनाया गया. उसने कहा ‘उसने कहा कि अब आप मेरी पत्नी हैं और मेरे साथ ही रहना होगा. मैंने कहा कि मैं अपने बच्चों के साथ भी रहूंगी, लेकिन वह इस बात पर दबाव बनाने लगा.’ महिला का दावा है कि बाद में उसे बच्चों सहित अयोध्या लाया गया और देवकाली क्षेत्र में एक परिचित के घर पर रखा गया. उसने बताया ‘मेरे बच्चे बार-बार कहने लगे कि मम्मी हमें पापा के पास जाना है. इसके बाद बच्चों को वापस घर भेज दिया गया और बाद में मुझे फिर से बुला लिया गया.’ महिला का कहना है कि इसके बाद धीरे-धीरे उससे दूरी बना ली गई और उसे अकेला छोड़ दिया गया.
भाई ने बहन के आरोपों पर उठाए सवाल
मामले में नया मोड़ तब आया जब पीड़िता के भाई विकास श्रीवास्तव ने अपनी ही बहन के आरोपों पर सवाल खड़े कर दिए. उनका कहना है कि परिवार महिला के आरोपों से सहमत नहीं है और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए. उन्होंने दावा किया कि उनकी बहन पहले भी कई लोगों के साथ विवादों में रही है. हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है. दूसरी ओर पवन देव महाराज बीकापुर थाना क्षेत्र के मलेथू कनक गांव के निवासी हैं और स्वयं को कथावाचक देवकीनंदन ठाकुर का शिष्य बताते हैं. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि महिला की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और सभी साक्ष्यों, दस्तावेजों तथा दोनों पक्षों के बयानों की गहन जांच की जा रही है. जांच पूरी होने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.



