केदारनाथ मंदिर के गर्भगृह का वीडियो वायरल, समिति ने कि क्लॉक रूम बनाए जाने की मांग

देहरादून: केदारनाथ धाम में यात्रिओं की संख्या कम होने के बाद से मंदिर के गर्भ ग्रह में प्रवेश की अनुमति दे दी गई थी I जिसके बाद अब इसको लेकर एक और बवाल खड़ा हो गया है I केदारनाथ मंदिर के गर्भ गृह की वीडियो वायरल हो गई जिसके बाद एक ओर जहां बदरी केदार मंदिर समिति के अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने इसकी जांच बैठाई है तो दूसरी ओर उन्होंने मुख्य सचिव को पत्र भेजा है।

बता दें कि, पिछले दिनों सभी श्रद्धालुओं को केदारनाथ मंदिर के गर्भ गृह में प्रवेश की छूट दी गई थी। इसके बाद कुछ लोगों ने गर्भ गृह का वीडियो बनाकर इंटरनेट पर वायरल कर दिया। इस पर श्रद्धालुओं और तीर्थपुरोहितों ने कड़ी आपत्ति जताई। मामले की जांच अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने मुख्य कार्याधिकारी बीडी सिंह को सौंपते हुए तैनात कर्मचारियों से स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश दिए हैं।

बदरी-केदार मंदिर समिति के अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने मुख्य सचिव डॉ. एसएस संधू को पत्र लिखकर केदारनाथ और बदरीनाथ मंदिरों के निकट क्लॉक रूम बनाने का सुझाव दिया है। ताकि मंदिर में दर्शन के लिए आ रहे तीर्थयात्रियों के मोबाइल, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, बैग इत्यादि वहां जमा हो सकें।

उन्होंने मुख्य सचिव डॉ. संधु को पत्र भेजकर सुझाव दिया है कि तीर्थयात्रियों की ऐसी गतिविधियां फिर सामने न आएं, इसलिए मंदिरों की कुछ दूरी पर क्लॉक रूम स्थापित किए जाएं। ताकि तीर्थयात्रियों के मोबाइल, पर्स आदि उपकरणों को वहां रखा जा सके।

One thought on “केदारनाथ मंदिर के गर्भगृह का वीडियो वायरल, समिति ने कि क्लॉक रूम बनाए जाने की मांग

  1. Pin Up bonus ГјmumiyyЙ™tlЙ™ depozit bonusu, pulsuz fД±rlanma vЙ™ ya xГјsusi promosyonlar ЕџЙ™klindЙ™ ola bilЙ™r. Bu bonuslarД± Й™ldЙ™ etmЙ™k ГјГ§Гјn mГјЙ™yyЙ™n qaydalara vЙ™ ЕџЙ™rtlЙ™rЙ™ Й™mЙ™l etmЙ™li ola bilЙ™rsiniz.

    firatechs.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

एसआईटी के हाथ लगी बड़ी सफलता, 1984 के सिख विरोधी दंगे के दो आरोपी गिरफ्तार

देहरादून: 31 अक्तूबर 1984 को तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या के बाद हुए दंगों में शहर में 127 सिखों की हत्या की गई थी। जिसकी जांच एसआईटी कर रही है। मंगलवार देर रात एसआईटी ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। सिख विरोधी दंगों के आरोपियों की तलाश में […]

You May Like

error: Content is protected !!