नवरात्री हिंदू धर्म का बहुत ही पवित्र त्यौहार है. जिसमें मां दुर्गा की पूजा आराधना की जाती है. आज नवरात्री के पहले दिन मां मनसा देवी जिनका अवतरण महिषासुर के वध के लिये हुआ था, उनकी आराधना के लिये हरिद्वार स्थित मां मनसा देवी के दरबार में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है.
Uttarakhand | Devotees offer prayers at Mansa Devi Temple in Haridwar on the occasion of Chaitra Navratri
चैत्र नवरात्रि के मौके पर हरिद्वार, ऋषिकेश, हल्द्वानी, नैनीताल, काशीपुर, देहरादून आदि शहरों मंदिरों को भव्य तरीकों से सजाया गया है। नवरात्र के पहले दिन मंदिरों में दर्शन करने के लिए उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ देखने को मिली। हरिद्वार में नवरात्र के लिए मंदिरों को भव्य तरीके से सजाया गया है। बुधवार से देवी मंदिरों में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी है।
शहर के मनसा देवी मंदिर, चंडी देवी मंदिर, सुरेश्वरी देवी मंदिर, मायादेवी मंदिर, शीतला माता मंदिर, दक्षिण काली मंदिर, काली मंदिर भीमगोड़ा में मंदिरों को सजाया गया है। इन मंदिरों में माता के दर्शन के लिए शहर के श्रद्धालुओं के साथ-साथ आसपास से श्रद्धालु भी यहां पहुंचते हैं।
दुर्गा अष्टमी 29 मार्च को है। जबकि राम नवमी 30 मार्च को है। अष्टमी और नवमी पर कन्या पूजन होना है। दक्षिण काली मंदिर में सप्तमी के अवसर पर रात भर विशेष पूजा अर्चना होगी। निरंजनी अखाड़े में विशेष उत्सव: अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद एवं मां मनसा देवी मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत रविंद्रपुरी के सानिध्य में निरंजनी अखाड़े में नवरात्र उत्सव धूमधाम से मनाया जाएगा।
निरंजनी अखाड़े के सचिव महंत रामरतन गिरी ने बताया कि नवरात्र उत्सव की सभी तैयारियां पूरी कर ली गयी हैं। विश्व कल्याण की कामना को लेकर अखाड़ा परिषद अध्यक्ष महंत रविंद्रपुरी महाराज नौ दिनों तक देवी भगवती के निमित्त विशेष अनुष्ठान करेंगे।
ऋषिकेश
चैत्र नवरात्र पर श्रद्धालुओं ने पतित पावनी मां गंगा में आस्था की डुबकी लगाई। सूर्य को अर्घ्य देकर परिवार की खुशहाली की कामना की। इस दौरान देव डोलियों को भी स्नान कराया गया। गंगा स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने माता के मंदिरों की ओर रुख किया जहां विधि विधान से पूजा अर्चना की। भद्रकाली स्थित सिद्ध पीठ भद्रकाली, देहरादून रोड दुर्गा माता मंदिर, सात मोड़ देहरादून रोड पर मनइच्छा देवी मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की आवाजाही रही।
नवरात्र की तिथियां
- प्रतिपदा : 22 मार्च (माँ शैलपुत्री)
- द्वितीय : 23 मार्च (माँ ब्रह्मचारिणी)
- तृतीया : 24 मार्च (माँ चन्द्रघण्टा)
- चतुर्थी : 25 मार्च (माँ कुष्मांडा)
- पंचमी : 26 मार्च (माँ स्कंदमाता)
- षष्टी : 27 मार्च (माँ कात्यायनी)
- सप्तमी : 28 मार्च (माँ कालरात्रि)
- अष्टमी : 29 मार्च (माँ महागौरी)
- नवमी : 30 मार्च (माँ सिद्धिदात्री) और…
- श्रीराम नवमी ( श्रीराम जन्मोत्सव)


