
हिंसा के बाद कई ग्रामीण अपने जरूरी सामान के साथ सुरक्षित इलाकों की ओर निकल पड़े। बताया जा रहा है कि कुछ लोग पड़ोसी कांगपोकपी जिले की ओर भागे हैं।
Fresh Violence, More houses torched on third day of violence in Manipur, Curfew Imposed, Internet suspended
मणिपुर के उखरूल जिले में एक बार फिर हिंसा भड़कने की खबर सामने आई है। सशस्त्र बदमाशों द्वारा गांवों में आगजनी और फायरिंग की घटनाओं के बाद प्रशासन ने हालात को काबू में करने के लिए पूरे जिले में कर्फ्यू लागू कर दिया है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिले में पांच दिनों के लिए इंटरनेट सेवाएं भी निलंबित कर दी गई हैं।
कई घरों को आग के हवाले किया गया
‘आज तक’ ने प्रशासनिक सूत्रों के हवाले से खबर दी है कि उखरूल जिले के लिटन सारेइखोंग गांव में कुछ हथियारबंद बदमाशों ने कई घरों में आग लगा दी। इस घटना के दौरान पहाड़ी इलाके के पास हवा में कई राउंड फायरिंग भी की गई, जिससे पूरे क्षेत्र में दहशत फैल गई। गोलीबारी और आगजनी के बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई।
डर के माहौल में गांव छोड़ने को मजबूर हुए लोग
हिंसा के बाद कई ग्रामीण अपने जरूरी सामान के साथ सुरक्षित इलाकों की ओर निकल पड़े। बताया जा रहा है कि कुछ लोग पड़ोसी कांगपोकपी जिले की ओर भागे हैं। वहीं, तांगखुल गांव के कई लोगों के भी इलाका छोड़ने की जानकारी सामने आई है। हालात ऐसे बन गए कि लोग अपनी सुरक्षा को लेकर बेहद चिंतित नजर आए।
मारपीट से शुरू हुआ विवाद हिंसा में बदला
प्रशासन के मुताबिक, हिंसा शनिवार रात की एक घटना से जुड़ी हैं। लिटन गांव में सात-आठ लोगों द्वारा तांगखुल नागा समुदाय के एक व्यक्ति के साथ कथित तौर पर मारपीट की गई थी। शुरुआती तौर पर उम्मीद जताई जा रही थी कि मामला बातचीत से सुलझ जाएगा, लेकिन रविवार को प्रस्तावित बैठक नहीं हो सकी।
इसके बाद सोमवार आधी रात को हालात बिगड़ गए। कुछ हथियारधारी बदमाशों ने लीटन सारेइखोंग गांव में तांगखुल नागा समुदाय के घरों को आग के हवाले कर दिया। इसके जवाब में दूसरे समुदाय की ओर से भी घरों को निशाना बनाए जाने की जानकारी मिली। पुलिस ने पुष्टि की है कि के. लुंगविराम गांव में भी एक घर को आंशिक रूप से जलाया गया है।
कानून-व्यवस्था बिगड़ने पर प्रशासन का सख्त कदम
बढ़ती हिंसा और तनाव को देखते हुए मणिपुर सरकार के गृह आयुक्त ने आज से पूरे उखरूल जिले में पांच दिनों के लिए इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से निलंबित करने का आदेश जारी किया है। आदेश में साफ कहा गया है कि हालिया घटनाओं से जिले में गंभीर अशांति की स्थिति पैदा हो गई है, जिससे जन सुरक्षा और सार्वजनिक शांति को खतरा है।
अफवाहों को रोकने के लिए इंटरनेट बंद
सरकारी आदेश में कहा गया है कि स्थिति को प्रभावी ढंग से संभालने और ऐसी किसी भी गलत सूचना के प्रसार को रोकने के लिए, जो तनाव को और बढ़ा सकती है, इंटरनेट सेवाओं को बंद करना आवश्यक है। प्रशासन का मानना है कि सोशल मीडिया और मैसेजिंग प्लेटफॉर्म के जरिए फैलने वाली अफवाहें हालात को और बिगाड़ सकती हैं।
हालात पर प्रशासन की नजर, सुरक्षा बल तैनात
फिलहाल उखरूल जिले में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी गई है और प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए है। अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिकता शांति बहाल करना, लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और किसी भी नई हिंसक घटना को रोकना है।



