उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने आईआईटी बीएचयू की छात्रा से गैंगरेप के खिलाफ मंगलवार को वाराणसी में बीजेपी सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। यूपी कांग्रेस प्रमुख अजय राय ने सरकार से पूछा कि आरोपी तीनों बीजेपी पदाधिकारियों के घरों पर बुलडोजर कब चलाया जाएगा।
Strong protest against gangrape of Uttar Pradesh IIT BHU student, demand for justice
उत्तर प्रदेश कांग्रेस ने आईआईटी बीएचयू की छात्रा से गैंगरेप के खिलाफ मंगलवार को वाराणसी में बीजेपी सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने छात्रा के लिए न्याय और आरोपियों को कड़ी सजा दिलाने की मांग की। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने सोमवार को आईआईटी बीएचयू कथित दुष्कर्म के विरोध में प्रदर्शन का ऐलान किया था। अजय राय ने यूपी सरकार से पूछा कि गैंगरेप के आरोपी तीनों बीजेपी पदाधिकारियों के घरों पर बुलडोजर कब चलाया जाएगा।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेसियों और पुलिसकर्मियों की झड़प भी हो गई। मंगलवार को पीएम ऑफिस का घेराव करने जा रहे कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को रोकने के लिए पुलिस ने 5 जगहों पर बैरिकेडिंग की थी। मगर कांग्रेसियों ने पहली बैरिकेडिंग तोड़ दी। इसके बाद पुलिस ने उनकी घेराबंदी कर दी। पुलिस ने उन्हें करीब 200 मीटर पहले गोदौलिया चौराहा के पास रोक लिया। इसके बाद कांग्रेस नेता सड़क पर ही बैठ गए।
इस दौरान पुलिस अफसरों से कांग्रेस पदाधिकारियों की तीखी नोक-झोंक हुई। पुलिसकर्मियों और कांग्रेसियों के बीच धक्का-मुक्की भी हुई। पुलिस ने उन्हें आगे नहीं बढ़ने दिया। सड़क पर बैठकर कांग्रेसियों ने ‘रघुपति राघव राजा राम’ की स्तुति शुरू कर दी। अजय राय ने यूपी सरकार से पूछा, “आरोपी तीनों बीजेपी पदाधिकारियों के घरों पर बुलडोजर कब चलाया जाएगा।”
बता दें कि आईआईटी बीएचयू की छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म मामले में पुलिस लगभग दो महीने बाद तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर सकी है। वाराणसी के कुणाल पांडेय, सक्षम सिंह और आनंद उर्फ अभिषेक चौहान को शनिवार रात को उनके घर से गिरफ्तार किया गया। तीनों बीजेपी से जुड़े थे और बीजेपी आईटी सेल के पदाधिकारी थे। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल बुलेट भी बरामद की है।
डीसीपी काशी जोन आरएस गौतम ने बताया कि पर्याप्त सबूतों के साथ तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। मोटरसाइकिल किसी संतोष नाम के व्यक्ति की है, लेकिन कुणाल उसका इस्तेमाल करता था। तीनों बीजेपी नेताओं के खिलाफ लंका थाने की पुलिस एक सप्ताह में अदालत में चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी में है।
पुलिस का दावा है कि तीनों के खिलाफ सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज सहित अन्य माध्यमों से इतने पर्याप्त वैज्ञानिक साक्ष्य हैं कि उन्हें अदालत से कठोर सजा मिलेगी। वहीं, भाजपा आईटी सेल के तीनों पदाधिकारियों के खिलाफ पार्टी आंतरिक जांच कराएगी। मामले में पार्टी के स्थानीय नेताओं के खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है।




